अस्तित्व का ये युद्ध है।
- shubham gadre

- Dec 12, 2019
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तू सिद्ध है, प्रबुद्ध है,
आदिशक्ति, तू शुद्ध है।
उठा शस्त्र, तू कर प्रहार,
अस्तित्व का ये युद्ध है।
तू चल निकल, आवाज दे,
तू धैर्य का, आगाज दे।
भेड़ियोंकी झुंड में,
शेरनी जैसे दहाड़ दे।
दुष्कर्म की सजा से,
रावण भी न बचा है।
तुझे न्याय देने के लिए,
उसका दहन ही केवल सजा है।
तेरे सुरक्षा के लिए,
हममें भी रामजी प्रतिबद्ध है।
उठा शस्त्र, तू कर प्रहार,
अस्तित्व का ये युद्ध है।
- शुभम गद्रे


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